दिल्ली पुलिस की हिरासत से जमानत पर रिहा होने के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने अपने अगले कदम को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि साथियों के साथ बैठक करने के बाद आगे की रणनीति तैयार की जाएगी। हाल के दिनों में हुई गिरफ्तारियों और हिरासत में लिए जाने की घटनाओं को डराने की कोशिश बताते हुए दीपके ने साफ किया कि वे इससे पीछे हटने वाले नहीं हैं। उन्होंने इसे लंबी लड़ाई बताते हुए कहा कि वह इसके लिए पूरी तरह तैयार हैं। दीपके ने उम्मीद जताई कि सौरव और आशु को भी शनिवार को रिहा कर दिया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि कुछ कानूनी मुद्दों पर चर्चा के लिए वह वृंदा मैम से मिलने जा रहे हैं। उन्हें शनिवार, 17 अक्टूबर 2026 को जमानत मिलने के बाद रिहा किया गया।
रिहाई के बाद अभिजीत दीपके का ऐलान, साथियों के साथ बनाएंगे रणनीति
दिल्ली में मीडिया से बातचीत के दौरान अभिजीत दीपके ने कहा कि सौरव और आशु के वापस आने के बाद सभी साथी एक साथ बैठकर आगे की योजना पर चर्चा करेंगे। उन्होंने पिछले कुछ दिनों में हुई घटनाओं का जिक्र करते हुए कथित अवैध गिरफ्तारियों और हिरासत में लिए जाने को डराने की कोशिश बताया।
दीपके ने कहा, “लेकिन हम न तो डरेंगे और न ही पीछे हटेंगे. यह लंबी लड़ाई है और हम इसके लिए पूरी तरह तैयार हैं.” उन्होंने उम्मीद जताई कि सौरव और आशु को भी उसी दिन रिहा कर दिया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि कुछ कानूनी मामलों पर विचार-विमर्श करने के लिए वह वृंदा मैम से मुलाकात करेंगे।
50 हजार रुपये का बेल बॉन्ड भरने के बाद मिली जमानत
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके को शनिवार को अदालत से जमानत मिली। इसके बाद 50 हजार रुपये का बेल बॉन्ड भरने पर उन्हें रिहा कर दिया गया। दिल्ली पुलिस ने उन्हें शुक्रवार देर रात गिरफ्तार किया था। इससे पहले शुक्रवार को कनॉट प्लेस में आयोजित होने वाली ‘लहरा दो तिरंगा’ रैली से पहले उन्हें हिरासत में लिया गया था।
आठ दिनों के भीतर दीपके के खिलाफ यह दूसरी कार्रवाई थी। इससे पहले 10 अक्टूबर को उन्हें दिल्ली एयरपोर्ट पर विमान से हिरासत में लिया गया था, लेकिन अगले दिन उन्हें रिहा कर दिया गया। शनिवार शाम को जेल से बाहर आने के बाद दीपके गाड़ी में विक्ट्री साइन दिखाते नजर आए। उनकी रिहाई के बाद संगठन की आगे की गतिविधियों को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं।
नेहा बोरा भी हिरासत से रिहा, मंडी हाउस से लिया गया था हिरासत में
कॉकरोच जनता पार्टी से जुड़ी नेहा बोरा को भी शनिवार सुबह रिहा कर दिया गया। उन्हें शुक्रवार को दिल्ली के मंडी हाउस इलाके से हिरासत में लिया गया था। अभिजीत दीपके और नेहा बोरा की रिहाई के बाद अब संगठन के अगले कदम और उसकी रणनीति पर सबकी नजरें टिकी हैं।
अमेरिका से भारत लौटने पर अभिजीत दीपके ने किया भावुक पोस्ट
रिहाई के बाद अभिजीत दीपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट साझा किया। इसमें उन्होंने अमेरिका छोड़कर भारत लौटने के अपने फैसले और उसके बाद जीवन में आने वाले संभावित बदलावों के बारे में लिखा। दीपके के मुताबिक, जिस दिन उन्होंने भारत लौटने का निर्णय लिया था, उसी दिन उन्हें एहसास हो गया था कि उनकी जिंदगी हमेशा के लिए बदलने वाली है।
उन्होंने अपने पोस्ट में बताया कि उन्हें पहले से अंदाजा था कि इस फैसले के कारण कई चीजें छोड़नी पड़ सकती हैं। कुछ ऐसी बातें भी होंगी, जिनके बारे में लोग कभी नहीं जान पाएंगे और जिन पर वह खुद भी कभी खुलकर बात नहीं कर सकेंगे। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि भारत लौटने के बाद जेल जाने की नौबत आ सकती है।
‘परिवार किन हालात से गुजरेगा, इसका भी एहसास था’
अपने सोशल मीडिया पोस्ट में अभिजीत दीपके ने परिवार पर पड़ने वाले प्रभाव का भी जिक्र किया। उन्होंने लिखा कि उन्हें पता था कि इस पूरे घटनाक्रम के दौरान उनके परिवार को किन परिस्थितियों से गुजरना पड़ सकता है। इसके लिए वह हर दिन खुद को जिम्मेदार महसूस करेंगे।
दीपके ने कहा कि उन्होंने जिस रास्ते पर आगे बढ़ने का फैसला किया था, वह आसान नहीं था। उन्हें यह भी मालूम था कि संभव है कि वह अपने उद्देश्य में पूरी तरह सफल न हो पाएं, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने प्रयास करने का निर्णय लिया। उन्होंने अपने देश और लोगों के लिए सही समझे जाने वाले रास्ते पर आने वाली परिस्थितियों का सामना करने की बात कही।
अपने पोस्ट के अंत में अभिजीत दीपके ने लिखा, “जिस दिन मैंने भारत आने का फैसला किया, उसी दिन मैंने अपनी किस्मत को देश के लोगों के हाथों में रख दिया और इस संविधान के प्रति सौंप दिया. जय हिंद!”









