होम Parliament Canteen New Menu: अब स्वाद और सेहत दोनों का ख्याल, संसद कैंटीन में बदला मेन्यू

समाचारदेश

Parliament Canteen New Menu: अब स्वाद और सेहत दोनों का ख्याल, संसद कैंटीन में बदला मेन्यू

Parliament Canteen New Menu: लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला की पहल पर संसद की कैंटीन में अब हेल्थ फर्स्ट मेन्यू शुरू किया गया है, जिसमें मिलेट्स, हाई प्रोटीन, लो कैलोरी, और न्यूट्रिशन से भरपूर व्यंजन शामिल किए गए हैं।

Parliament Canteen New Menu: अब स्वाद और सेहत दोनों का ख्याल, संसद कैंटीन में बदला मेन्यू

Parliament Canteen New Menu: लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला की पहल पर संसद की कैंटीन में अब 'हेल्थ फर्स्ट' मेन्यू शुरू किया गया है, जिसमें मिलेट्स, हाई प्रोटीन, लो कैलोरी, और न्यूट्रिशन से भरपूर व्यंजन शामिल किए गए हैं। इसका मकसद है सांसदों को लंबे सत्रों के दौरान ऊर्जावान और फिट बनाए रखना, साथ ही देश को स्वस्थ जीवनशैली का संदेश देना।

पारंपरिक स्वाद में पोषण की नई परिभाषा

इस नई व्यवस्था के तहत अब तली-भुनी चीजों की जगह पोषण से भरपूर व्यंजन थाली में होंगे। खास बात ये है कि हर डिश के साथ कैलोरी वैल्यू भी मेंशन की गई है, जिससे सांसद और विज़िटर्स अपने लिए सही और संतुलित विकल्प चुन सकें।

कुछ प्रमुख आइटम्स और उनकी कैलोरी वैल्यू:

  • रागी इडली + सांभर + चटनी – 270 kcal
  • ज्वार उपमा – 206 kcal
  • मिक्स मिलेट खीर (शुगर फ्री) – 161 kcal
  • ग्रिल्ड चिकन + बॉयल्ड वेज – 157 kcal
  • ग्रिल्ड फिश – 378 kcal
  • जौ-बार्ली सलाद – 294 kcal
  • गार्डन फ्रेश सलाद – 113 kcal
  • बेसिल शोरबा और वेज क्लियर सूप भी शामिल

स्वास्थ्यवर्धक ड्रिंक्स भी मेन्यू में शामिल

अब सांसदों को हर्बल टी, ग्रीन टी, मसाला सत्तू और गुड़ वाला आम पन्ना जैसे हेल्दी ड्रिंक्स भी उपलब्ध होंगे। ये बदलाव उन जनप्रतिनिधियों के लिए राहत की खबर है जो लंबे समय तक बैठकों में रहते हैं और जंक फूड से दूरी बनाना चाहते हैं।

प्रधानमंत्री मोदी की ‘मन की बात’ से प्रेरणा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी हाल ही में ‘मन की बात’ कार्यक्रम में अत्यधिक तेल और चीनी के सेवन से होने वाली बीमारियों के प्रति आगाह किया था और लोगों को हेल्दी ईटिंग की ओर प्रेरित किया था। संसद का यह कदम उसी दिशा में एक ठोस प्रयास है।

सांसदों से आम जनता तक पहुंचेगा स्वस्थ जीवनशैली का संदेश

इस पहल को केवल एक मेन्यू चेंज नहीं, बल्कि हेल्दी इंडिया की सोच से जोड़ा जा रहा है। यह संसद का संदेश है कि स्वस्थ रहना व्यक्तिगत नहीं, राष्ट्रीय जिम्मेदारी है।
संसद के इस कदम को फिट इंडिया मूवमेंट, ईट राइट इंडिया, पोषण अभियान, और खेलो इंडिया जैसे अभियानों से भी जोड़ा जा रहा है।

लोकसभा अध्यक्ष स्वयं सदन के दौरान स्वास्थ्य जांच शिविरों और पोषण पर विशेषज्ञों के व्याख्यान का आयोजन करवाते हैं, जिससे प्रतिनिधि खुद जागरूक बनें और जनता को भी प्रेरित करें।

नवीनतम न्यूज़ अपडेट्स के लिए Facebook, Twitter, व Google News पर हमें फॉलो करें और लेटेस्ट वीडियोज के लिए हमारे YouTube चैनल को भी सब्सक्राइब करें।

Most Popular

(Last 14 days)

-Advertisement-

Facebook

To Top