होम उत्तर प्रदेश पुलिस के रोकने पर भी सहारनपुर के लिए रवाना हुए राहुल गांधी

उत्तर प्रदेश

उत्तर प्रदेश पुलिस के रोकने पर भी सहारनपुर के लिए रवाना हुए राहुल गांधी

जिला प्रशासन की बिना अनुमति के कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी शनिवार को उत्तर प्रदेश के हिंसा प्रभावित सहारनपुर के लिए रवाना हो गए हैं। हेलिकॉप्टर की परमिशन न मिलने के चलते वह सडक़ के रास्ते सहारनपुर के लिए रवाना हुए हैं।

उत्तर प्रदेश पुलिस के रोकने पर भी सहारनपुर के लिए रवाना हुए राहुल गांधी

नई दिल्ली :जिला प्रशासन की बिना अनुमति के कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी शनिवार को उत्तर प्रदेश के हिंसा प्रभावित सहारनपुर के लिए रवाना हो गए हैं। हेलिकॉप्टर की परमिशन न मिलने के चलते वह सडक़ के रास्ते सहारनपुर के लिए रवाना हुए हैं। ऐसे में उनके दौरे को लेकर प्रशासन से टकराव के हालात बन सकते हैं। उनके साथ कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और प्रभारी महासचिव गुलाम बनी आजाद और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राज बब्बर भी हैं। ये दोनों नेता सुबह 9 बजे राहुल गांधी के आवास पहुंचे थे। इससे पहले सुबह 8 बजे राहुल गांधी ने 10 जनपथ जाकर सोनिया गांधी से मुलाकात की और 9 बजे घर लौटे। प्रशासन ने राहुल के हेलिकॉप्टर को सहारनपुर में उतारने की इजाजत नहीं दी है। राहुल गांधी के साथ राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव भी शामिल हो सकते हैं।

राहुल को 12:30 बजे सहारनपुर पहुंचना है। कांग्रेस के कई स्थानीय नेता और कार्यकर्ता राहुल गांधी के साथ पीडि़त परिवारों से मुलाकात करने जाएंगे। इस बीच प्रशासन ने साफ कर दिया है कि हिंसा प्रभावित इलाके में किसी को जाने की इजाजत नहीं दी गई है। प्रशासन ने चेतावनी देते हुए कहा है कि अनुमति के बिना वहां जाने पर कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का मानना है कि प्रभावित इलाकों में नेताओं के जाने से हालात फिर बिगड़ सकते हैं।

पिछले एक महीने से अधिक समय में 20 अप्रैल, 5 मई, 9 मई और 23 मई को यहांं जो घटनाएं घटीं, उसने इस जिले के शांतिप्रिय माहौल को प्रभावित किया है। इस दौरान ऐसा महसूस किया गया कि कहीं न कहीं पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली में कमी रही और उसी का नतीजा रहा कि योगी सरकार ने यहां प्रशासनिक स्तर पर नई टीम भेजी, जो पूरे मामले की समीक्षा करते हुए इस माहौल को शांत और सामान्य करने में जुटी है।

क्या है मामला
आपको बता दें कि सहारनपुर के शब्बीरपुर गांव में महाराणा प्रताप शोभायात्रा के दौरान हुए एक विवाद ने हिंसक रूप ले लिया था। इसके बाद राजपूतों और दलितों के बीच टकराव इतना बढ़ा कि कई दलितों के घर जला दिए गए। इस पूरे घटनाक्रम में दलितों के संगठन भीम आर्मी की भूमिका को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं। इस मामले में भीम आर्मी के नेता चंद्रशेखर के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। इसके बाद बीते रविवार को भीम आर्मी कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में दिल्ली के जंतर-मंतर पहुंचकर प्रदर्शन किया था।

नवीनतम न्यूज़ अपडेट्स के लिए Twitter, Facebook पर हमें फॉलो करें और हमारे YouTube चैनल को सब्सक्राइब कर लें।

Most Popular

(Last 14 days)

-Advertisement-

Facebook

To Top